खुर्जा। ।भारत पुष्प। मंगलवार को एकेपी डिग्री कॉलेज के मनोविज्ञान विभाग द्वारा “आत्महत्या रोकथाम जागरूकता “ अभियान के तहत डॉ गीता सिंह के निर्देशन में संगोष्ठी का आयोजन किया गया ।जिसमें लगभग 50 छात्राओं ने भाग लिया। जिसमें छात्राओं ने आत्महत्या रोकथाम से संबंधित विभिन्न मुद्दों पर अपने विचार रखें। महाविद्यालय की प्राचार्या ने अपने वक्तव्य में कहा कि जीवन की एक असफलता कभी आपकी सफलता को नहीं रोक सकती। जीवन में अनेकों संभावनाएं हैं,जिसमें आप सफल हो सकते हैं। अतः आत्महत्या किसी भी समस्या का समाधान नहीं है। मनोविज्ञान विभाग की डॉक्टर गीता सिंह ने कहा कि जब कभी आप भावनात्मक रूप से कमजोर समझे तो अपने माता-पिता, मित्र और परामर्शदाता की सहायता अवश्य ले। हम सभी को आत्महत्या जैसे विषय पर अपना दृष्टिकोण बदलना होगा। मांडवी शर्मा, फिजा, निशा, दिव्या और प्रीति अग्रवाल शिक्षा ,व्यवसाय, प्रेम, आदि से उत्पन्न असफलताओं पर अपने विचार रखें, तथा उनका समाधान भी प्रस्तुत किया। इस अवसर पर छात्राओं ने सुंदर-सुंदर पोस्टरों के माध्यम से अपनी भावनात्मक अभिव्यक्ति को प्रदर्शित किया। यह प्रथम वर्ष की छात्रा सरिता, निशा ,सुजाता, फिजा ,चिंकी ने मूक अभिनय के माध्यम से आत्महत्या जागरूकता रोकथाम का संदेश दिया। वरिष्ठ प्राध्यापिका नीलू सिंह, प्रो.बीना माथुर, प्रो. रेखा चौधरी, ने भी विषय पर अपने विचार प्रस्तुत किए। मनोविज्ञान विभाग की रेखा कुमारी का भी विशेष सहयोग रहा।
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