खुर्जा। ।भारत पुष्प। एकेपी डिग्री कॉलेज की राष्ट्रीय सेवा योजना प्रथम व द्वितीय इकाई के संयुक्त तत्वावधान में महर्षि वाल्मीकि व आदि काव्य रामायण पर आधारित प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता तथा विशिष्ट व्याख्यान का आयोजन किया गया। कार्यक्रम संयोजिका प्रो रेखा चौधरी ने बताया कि इस प्रतियोगिता का उद्देश्य भारतीय संस्कृति के महनीय व्यक्तित्व महर्षि वाल्मीकि व भगवान श्री राम के व्यक्तित्व से बालिकाओं को परिचित कराना है। महाविद्यालय की प्राचार्या प्रो डिंपल विज ने बालिकाओं को संबोधित करते हुए कहा कि भगवान श्री राम की मर्यादा, राजनीतिक कुशलता, प्रजापालन के विशिष्ट गुण, सेवक सेव्य भाव आदि विशिष्ट गुण प्रत्येक व्यक्ति को अपने जीवन में धारण करने चाहिए। प्रो बीना माथुर ने बताया कि भारतीय संस्कृति के दो आधारभूत ग्रंथ रामायण व महाभारत हैं जिनमें से रामायण आदर्श की उच्चतम पराकाष्ठा का ग्रंथ हैह इस ग्रंथ में नीति, धर्म, मर्यादा व अनुशासन की शिक्षा भरी हुई है। प्रथम इकाई प्रभारी डॉ मनु आर्या ने बताया कि भ्रातृ प्रेम, मातृपितृ भक्ति, मित्र की सहायता, दृढ़संकल्प, त्याग की पराकाष्ठा आदि भारतीय संस्कृति के मूल तत्व हैं। जिनके आधान प्रत्येक मनुष्य के अंदर होना चाहिए। इस प्रतियोगिता में 30 छात्राओं ने प्रतिभागिता की जिसमें प्रथम स्थान रश्मि कुमारी, द्वितीय स्थान सहाना तथा तृतीय स्थान ऐश्वर्या ने प्राप्त किया। समागत अतिथियों ने विजेता छात्राओं को पुरस्कार प्रदान कर उनका उत्साहवर्धन किया।
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