खुर्जा। ।भारत पुष्प। 80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर देश की राजधानी नई दिल्ली स्थित कंस्टीट्यूशन क्लब ऑफ इंडिया में बुद्धांजलि रिसर्च फाउंडेशन चैरिटेबल ट्रस्ट के तत्वावधान में भव्य एवं गरिमामयी पाँचवें भारत सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। समारोह में राजनीति, प्रशासन, पुलिस, पत्रकारिता, समाजसेवा, शिक्षा, साहित्य एवं अन्य क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान देने वाली अनेक प्रतिष्ठित हस्तियों को सम्मानित किया गया। समारोह में केंद्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता राज्य मंत्री रामदास आठवले, लोकसभा सांसद विद्युत महतो एवं अनूप प्रधान वाल्मीकि, राज्यसभा सांसद ताई तगाक, दिल्ली के स्पेशल पुलिस कमिश्नर आईपीएस रोबिन हिबू, उत्तर प्रदेश के सूचना आयुक्त वीरेंद्र प्रताप सिंह, पूर्व सांसद डॉ. अंजू बाला, डॉ. भारती लावेकर, कृष्णा पिम्पले, प्रकाश जायसवाल, शिवानी कुमारी, रईस खान, इरशाद अंसारी, बीपी सिंह, डॉ. संतोष शेट्टी, डॉ. सुरभि धानवाला, मुकेश कुमार मासूम, किशोर मासूम, संजय सिन्हा सहित अनेक अतिथियों की उपस्थिति रही। कार्यक्रम का आयोजन बुद्धांजलि रिसर्च फाउंडेशन चैरिटेबल ट्रस्ट के चेयरमैन कैलाश मासूम के नेतृत्व में किया गया। समारोह का उद्देश्य राष्ट्र एवं समाज के लिए उत्कृष्ट कार्य करने वाले व्यक्तित्वों को राष्ट्रीय स्तर पर सम्मानित करना था। समाजसेवा के क्षेत्र में उत्कृष्ट एवं दीर्घकालिक योगदान के लिए नगर के समाजसेवी डीसी गुप्ता को प्रतिष्ठित भारत सम्मान अवार्ड- 2026 से सम्मानित किया गया। उनके साथ सोनपाल चौहान, पवन कुमार गौतम, शैलेंद्र आर्य, कैलाश भागमल गौतम, भगवान दास सिंघल, सत्यप्रकाश सिंह तथा संजय कश्यप को भी समाजसेवा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए सम्मानित किया गया। इसके अतिरिक्त लोकसभा सांसद अनूप प्रधान वाल्मीकि, राज्यसभा सांसद ताई तगाक एवं पूर्व सांसद डॉ. अंजू बाला को उनके विशिष्ट योगदान के लिए भारत सम्मान प्रदान किया गया। पत्रकारिता के क्षेत्र में एबीपी न्यूज़ के वरिष्ठ पत्रकार रविन्द्र जयंत, राजनीतिक एवं सामाजिक क्षेत्र में भाजपा बुलंदशहर के जिलाध्यक्ष विकास चौहान, नोएडा के सांसद डॉ. महेश शर्मा, भाजपा नोएडा के जिलाध्यक्ष अभिषेक शर्मा तथा साहित्य एवं लेखन के क्षेत्र में चंद्रमणि ब्रह्मदत्त को भी भारत सम्मान से अलंकृत किया गया समारोह को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि राष्ट्र निर्माण केवल सरकार का दायित्व नहीं, बल्कि प्रत्येक जागरूक नागरिक की सक्रिय सहभागिता से ही संभव है। समाजसेवा, शिक्षा, पत्रकारिता, प्रशासन एवं अन्य क्षेत्रों में समर्पित भाव से कार्य करने वाले व्यक्तियों का सम्मान समाज में सकारात्मक सोच एवं राष्ट्रसेवा की भावना को सुदृढ़ करता है।
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