सिकंद्राबाद। ।भारत पुष्प/पवन शर्मा। आजकल के किसान बहुत अधिक पैदावार को लेकर खेती में खाद्य व कीटनाशक इतना जहरीला लगाया जा रहा है जिससे की खाद्य सुरक्षा विभाग के पुराने मानकों के अनुसार खाद्य सामग्री फैल साबित होती नजर आ रही हैं। जिससे व्यापारी लोगों के सामने परेशानी आती रहती हैं क्योंकि उनके द्वारा बेची जा रही खाद्य सामग्री पुराने मानकों के मुताबिक खरी नही उतरती है ओर नमूने फेल हो जाते है। इन्हीं मानकों में बदलाव यानी संशोधन कराने के लिए व्यापारीयों के हिमाती बनकर खड़े उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल ने एक 14 सूत्रीय ज्ञापन सूबे के मुखिया के नाम का नगर एसडीएम को सोंपा। प्रतिनिधि मंडल के नगर अध्यक्ष मोहित शर्मा ने बताया कि प्रांतीय अध्यक्ष लोकेश अग्रवाल के दिशा निर्देशन में सिटी मजिस्ट्रेट संजय कुमार सिंह को ज्ञापन दिया गया जिसमें खाद्य सुरक्षा विभाग के वर्षों पुराने मानकों के आधार पर व्यापारियों को होने वाली परेशानी के निराकरण की मांग की गई ओर जांच लैब जिला स्तर पर बनायी जाने की मांग की गई है ओर खेती में कीटनाशक व रासायनिक खाद डालने का कोई मानक तय नहीं है अंधाधुंध कीटनाशक वह रासायनिक खाद का प्रयोग खेती में किया जा रहा है ओर सिंचाई के लिए प्रयोग किए जाने वाला जल पूरी तरीके से दूषित हो चुका है जिससे खेती से प्राप्त होने वाले खाद्यान्न अनाज, फल, सब्जी आदि में रसायन व कीटनाशक भारी मात्रा में पहुंच रहा है जिससे कैंसर जैसी घातक बीमारियों को बढ़ावा मिल रहा है परंतु खाद्य सुरक्षा मानक अधिनियम के मानकों में बदलाव नहीं किया गया है। वर्तमान स्थिति के अनुसार खाद्य पदार्थों के मानक तय किए जाने चाहिए और कृषि विभाग को खेती में प्रयोग होने वाले कीटनाशक व रासायनिक खाद के मानक तय करने चाहिए जब तक नए सिरे से मानक तैयार नहीं किए जाएं तब तक उक्त वस्तुओं के सैंपल व्यापारियों से ना भरे जाएं। इसी प्रकार के 14 सूत्रीय मांगों का ज्ञापन प्रदेश के सभी जिला मुख्यालय द्वारा माननीय मुख्यमंत्री जी को भेजे जा रहे है। इस मौके पर नगर अध्यक्ष मोहित शर्मा, योगेश, शौर्य बंसल आदि व्यापारी उपस्थित रहे।
![]()
