खुर्जा। ।भारत पुष्प। रामलीला मैदान में उत्तर भारत की सुप्रसिद्ध रामलीला श्री रामलीला कमैटी के तत्वावधान में पण्डित वेद प्रकाश शर्मा व पण्डित प्रेम प्रकाश शर्मा द्वारा लंका के युद्ध के दौरान जब मेघनाद के ब्रह्मास्त्र से श्री लक्ष्मण मूर्छित हो गए, तो उनकी जान बचाने के लिए विभीषण के सुझाव पर हनुमान जी ने लंका के राजवैद्य सुषेण को उठा लिया. सुषेण वैद्य ने हिमालय पर स्थित द्रोणागिरी पर्वत से संजीवनी बूटी लाने को कहा. हनुमान जी को बूटी की पहचान न होने के कारण उन्होंने पूरे पर्वत को ही उठा लिया और लंका ले आए. संजीवनी बूटी के प्रभाव से श्री लक्ष्मण जी की मूर्छा समाप्त हो जाती है और वह उठकर बैठ जाते हैं, यह देखकर श्री रामजी की सेना खुशी से उछल पड़ती है। जय श्री राम, जय हनुमान के जयकारों से चारों दिशायें गूँज उठती हैं। नगर की जनता रामलीला मैदान में पहुंचकर जहां एक तरफ आकर्षक लीला के मंचन को देखकर प्रसन्न हो रही है वहीं दूसरी तरफ मेले में चाट पकौडी का लुत्फ उठाकर खरीदारी कर रही है। इस अवसर पर प्रधान पुनीत साहनी (विक्की) के अलावा सचित गोविल, सचिन बंसल, दीपक गर्ग, अशोक पालीवाल, विनीत आर्य, रजत अग्रवाल, अशोक पालीवाल, पंकज बंसल, ललित गुप्ता, उमा शंकर अग्रवाल, अखलेश वैध जी, महेश भार्गव, डीसी गुप्ता कांटे वाले, सेठ अखिलेश जटिया, डॉक्टर सुधांशु दत्त शर्मा, विकास वर्मा, दीपक अग्रवाल, विशाल पोद्दार, कृष्ण कुमार सिंह, रंजन वाधवा, हरजीत सिंह टीटू, संजीव बंसल, महेश पोद्दार, प्रेम प्रकाश अरोरा, विशाल वाधवा, अजय शर्मा, रवि अग्रवाल, आशीष गोयल, शेखर वर्मा, चेतन प्रकाश शर्मा, शिवम् कालरा, राजीव वार्ष्णेय, शेखर वर्मा, दीपक बाटला, भारत भूषण शर्मा, कुशाग्र अग्रवाल, शुभम गुप्ता, देवेंद्र आर्य, अनमोल अग्रवाल, शशिकांत आर्य आदि सदस्य उपस्थित रहे ।
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